Jharkhand News: चाईबासा में नक्सलियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, हथियार और पर्चे बरामद
झारखंड पुलिस ने नक्सलियों के खात्मे के लिए सर्च ऑपरेशन में सफलता पाई, एक नक्सली ढेर

Jharkhand News: झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के चाईबासा में पुलिस ने नक्सलियों के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। 13 अगस्त 2025 को सुरक्षा बलों ने एक सर्च ऑपरेशन चलाया, जिसमें भाकपा माओवादी संगठन के कई हथियार, कारतूस और नक्सली पर्चे बरामद किए गए। इस ऑपरेशन में एक नक्सली भी मारा गया। यह कार्रवाई स्वतंत्रता दिवस से पहले नक्सलियों की साजिश को नाकाम करने के लिए की गई थी।
क्या हुआ सर्च ऑपरेशन में?
चाईबासा पुलिस, कोबरा, सीआरपीएफ और झारखंड जगुआर की संयुक्त टीम ने जंगल में सर्च ऑपरेशन शुरू किया। इस दौरान उन्हें भारी मात्रा में सामान मिला, जिसमें चार एसएलआर राइफल, 527 जिंदा कारतूस, 9 एसएलआर मैगजीन, 3 डेटोनेटर, नक्सली वर्दी, पर्चे और अन्य सामान शामिल हैं। यह ऑपरेशन 13 अगस्त को नक्सलियों के साथ मुठभेड़ के बाद हुआ, जिसमें भाकपा माओवादी का एरिया कमांडर अरुण उर्फ निलेश मदकम मारा गया। पुलिस का कहना है कि नक्सली स्वतंत्रता दिवस पर कोई बड़ी वारदात करने की फिराक में थे।
पुलिस ने लूटे गए हथियार भी बरामद किए
इस ऑपरेशन में पुलिस ने चार हथियार बरामद किए, जो पहले नक्सलियों ने पुलिस से लूटे थे। चाईबासा पुलिस ने नक्सलियों से अपील की है कि वे हिंसा छोड़कर आत्मसमर्पण कर लें। झारखंड सरकार ने आत्मसमर्पण नीति को और आसान बनाया है, जिसमें आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को 24 घंटे में ओपन जेल में भेजा जा सकता है। इससे वे मुख्यधारा में शामिल हो सकते हैं।
Jharkhand News: नक्सलियों की साजिश और पुलिस की तैयारी
पुलिस को जानकारी मिली थी कि भाकपा माओवादी के बड़े नेता जैसे मिसिर बेसरा, अनमोल, मोछु और अजय महतो सारंडा और कोल्हान क्षेत्र में सक्रिय हैं। ये नक्सली सुरक्षा बलों को नुकसान पहुंचाने की योजना बना रहे थे। इसके जवाब में झारखंड पुलिस, कोबरा और सीआरपीएफ लगातार अभियान चला रहे हैं। इस ऑपरेशन में बरामद सामान में नक्सली पर्चे भी शामिल हैं, जिनमें उनकी योजना और विचारधारा की जानकारी है।
यह कार्रवाई नक्सलियों के खिलाफ चल रहे अभियान का हिस्सा है, जो झारखंड में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए जरूरी है। चाईबासा पुलिस का कहना है कि वे नक्सलियों के खिलाफ और सख्त कदम उठाएंगे।