बिहार वृद्धाश्रम सहारा योजना: 60 साल से अधिक उम्र के बुजुर्गों को मिलेगा मुफ्त आश्रय, भोजन और इलाज, जानें आवेदन का तरीका

पटना : बिहार सरकार की ओर से राज्य के निराश्रित, गरीब और बेसहारा बुजुर्गों के लिए बिहार वृद्धाश्रम सहारा योजना चलाई जा रही है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य ऐसे वृद्धजनों को सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराना है, जिनके पास रहने, खाने-पीने और देखभाल की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। योजना का संचालन समाज कल्याण विभाग के जरिए से किया जा रहा है।
वृद्धजनों को मिलेंगी कई जरूरी सुविधाएं
बिहार वृद्धाश्रम सहारा योजना के तहत पात्र बुजुर्गों को वृद्धाश्रम में निःशुल्क देखभाल और भरण-पोषण की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। योजना के अंतर्गत वृद्धजनों को रहने के लिए आवासन, पहनने के लिए कपड़े और भोजन जैसी मूलभूत सुविधाएं दी जाती हैं। इसके साथ ही मनोरंजन और चिकित्सा सुविधा का भी उपलब्ध कराई जाती है।
ऐसे बुजुर्ग जिनका कोई सहारा नहीं है या जिनके परिवार के सदस्य उनकी देखभाल करने में सक्षम नहीं हैं, उनके लिए यह योजना काफी उपयोगी साबित हो सकती है। सरकार के तरफ से घर से बेघर या गुमशुदा वृद्धजनों को भी योजना के तहत सहायता दी जाती है।
बुजुर्गों को दिया जाएगा रोजगार का प्रशिक्षण
योजना में बुजुर्गों की जरूरतों का ध्यान रखने के साथ-साथ उन्हें उनकी योग्यता और क्षमता के अनुसार जीविका से जुड़े कार्यों का प्रशिक्षण भी दिया जाता है। इसके तहत अगरबत्ती बनाना, मोमबत्ती बनाना, सिलाई, चटाई बुनना, उपला बनाना और अन्य हस्तशिल्प कार्यों का प्रशिक्षण दिया जाता है।
इसका उद्देश्य यह है कि जो वृद्धजन शारीरिक रूप से सक्षम हैं, वे अपनी रुचि और योग्यता के अनुसार कोई कार्य सीखकर आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ सकें।
कौन उठा सकता है योजना का लाभ?
बिहार वृद्धाश्रम सहारा योजना का लाभ बिहार के 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के वृद्धजन ले सकते हैं। खास तौर पर से बेसहारा और निर्धन बुजुर्गों को इस योजना के माध्यम से आश्रय और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती है।
ऑफलाइन करना होगा योजना के लिए आवेदन
योजना का लाभ लेने के लिए पात्र वृद्धजन को ऑफलाइन आवेदन पत्र के जरिए से आवेदन करना होता है। आवेदन और संबंधित वृद्धाश्रम में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी के लिए समाज कल्याण विभाग या संबंधित अधिकारी से संपर्क कर सकते हैं।



