
पटना। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कल पटना में आयोजित Rising Bihar Investor Summit 2026 के दौरान गंगा के ऊपर पटना से हरिहरनाथ मंदिर, सोनपुर तक रोपवे बनाने की घोषणा की है। उन्होंने बताया कि इसका काम पांच महीने के भीतर शुरू करने की योजना है।
मरीन ड्राइव से हरिहरनाथ तक प्रस्तावित रूट
रिपोर्टों के मुताबिक प्रस्तावित रोपवे की शुरुआत पटना के जेपी गंगा पथ यानी मरीन ड्राइव क्षेत्र से हो सकती है। यहां से रोपवे गंगा के ऊपर से होते हुए सोनपुर के हरिहरनाथ मंदिर क्षेत्र तक पहुंचने का प्रस्ताव है। इसकी लंबाई करीब 7 किलोमीटर रखी गई है। हालांकि अंतिम रूट और तकनीकी डिजाइन की आधिकारिक विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
PPP मॉडल पर तैयार होगी परियोजना
इस रोपवे को पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल पर बनाने की बात कही गई है। यानी परियोजना में सरकारी और निजी क्षेत्र की भागीदारी होगी। रोपवे बनने के बाद पटना से सोनपुर जाने वालों के पास सड़क और पुल के अलावा गंगा पार करने का एक और विकल्प होगा।
श्रद्धालुओं और पर्यटकों को मिलेगा नया विकल्प
सोनपुर का हरिहरनाथ मंदिर बिहार के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल है। यहां हर साल बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। रोपवे बनने के बाद पटना की ओर से आने वाले लोगों के लिए गंगा पार करने का एक नया विकल्प उपलब्ध हो सकता है। इसके अलावा सोनपुर अपनी प्रसिद्ध मेले की वजह से भी देशभर में जाना जाता है। ऐसे में यह परियोजना धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ पर्यटन गतिविधियों से भी जुड़ सकती है।
सिर्फ पटना ही नहीं, भागलपुर में भी रोपवे की योजना
बिहार में गंगा पर एक और रोपवे बनाने की योजना की जानकारी भी सामने आई है। भागलपुर में प्रस्तावित रोपवे से सुल्तानगंज के अजगैवीनाथ धाम और अगुवानी गंगा घाट को जोड़ने की योजना बनाई जा रही है।
अभी इन बातों का करना होगा इंतजार
पटना-सोनपुर रोपवे को लेकर घोषणा हो चुकी है, लेकिन परियोजना की कुल लागत, टेंडर प्रक्रिया, स्टेशन की संख्या, किराया, क्षमता और निर्माण पूरा होने की अंतिम तारीख जैसी जानकारियां अभी स्पष्ट नहीं हैं।



