
पटना: अवनीश कुमार करीब 20 साल तक शिक्षा के क्षेत्र में काम करने के बाद अब चुनावी मैदान में उतरने की तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने करीब एक लाख रुपये महीने की नौकरी छोड़कर पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से MLC चुनाव लड़ने का फैसला किया है। अवनीश कुमार इन दिनों लगातार शिक्षकों के बीच पहुंच रहे हैं और अपनी उम्मीदवारी के लिए समर्थन मांग रहे हैं। अवनीश कुमार के बयान के मुताबिक शिक्षा के क्षेत्र में लंबे समय तक काम करने के दौरान उन्होंने शिक्षकों की परेशानियों को करीब से देखा है। उनका मानना है कि शिक्षकों की समस्याएं केवल वेतन तक सीमित नहीं हैं। सेवा सुरक्षा, स्थानांतरण, प्रोन्नति, सम्मान और स्कूल-कॉलेजों में काम करने की बेहतर व्यवस्था जैसे कई मुद्दे आज भी शिक्षकों के लिए अहम हैं।
शिक्षकों की आवाज विधान परिषद तक पहुंचाने का दावा
अवनीश कुमार का कहना है कि उन्होंने नौकरी छोड़कर राजनीति में आने का फैसला किसी पद या व्यक्तिगत फायदे के लिए नहीं किया है। उनका दावा है कि वह शिक्षकों की आवाज को मजबूती से उठाना चाहते हैं और उनकी समस्याओं को विधान परिषद तक पहुंचाना चाहते हैं। उनका कहना है कि शिक्षकों की समस्याओं को सिर्फ सुनने से काम नहीं चलेगा, बल्कि उनके समाधान के लिए लगातार प्रयास करना होगा। इसी सोच के साथ वह शिक्षक मतदाताओं से संपर्क कर रहे हैं।
मनेर में शिक्षकों से की मुलाकात
इसी अभियान के तहत अवनीश कुमार मनेर प्रखंड पहुंचे। यहां उन्होंने शिक्षक मतदाताओं से मुलाकात की और अपनी बात रखी। उन्होंने शिक्षकों से पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में समर्थन देने की अपील की। इस दौरान उन्होंने शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों और शिक्षकों की समस्याओं को लेकर अपनी प्राथमिकताएं भी सामने रखीं। उनका कहना है कि अगर उन्हें शिक्षकों का समर्थन मिलता है तो वह उनकी आवाज को विधान परिषद में मजबूती से उठाएंगे।


