Shambhu Hostel Case: नीट छात्रा मौत मामले में जहानाबाद में 25 किमी पदयात्रा, हजारों लोग शामिल, पप्पू यादव ने सरकार पर साधा निशाना
जहानाबाद में 25 किमी पदयात्रा, हजारों लोग शामिल, पप्पू यादव बोले- सरकार दबाने की कोशिश कर रही, न्याय तक लड़ाई जारी
Shambhu Hostel Case: नीट परीक्षा की छात्रा की मौत के मामले में न्याय की मांग को लेकर जहानाबाद जिले में बड़ा जन आंदोलन देखने को मिला। मंगलवार को पीड़िता के गांव से शुरू हुई 25 किलोमीटर लंबी पदयात्रा में जहानाबाद और अरवल जिलों के हजारों लोग शामिल हुए। लोगों ने नारे लगाते हुए कहा, “छात्रा के सम्मान में पूरा बिहार मैदान में”।
यह पदयात्रा पीड़िता के गांव से निकलकर शकुराबाद, बभना होते हुए अरवल मोड़ के रास्ते जहानाबाद जिला मुख्यालय के समीप पहुंची। यहां यह सभा में बदल गई। यात्रा में महिलाएं, युवा, बुजुर्ग और सामाजिक कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शामिल थे। लोग छात्रा के साथ हुई घटना में अब तक न्याय न मिलने से काफी आक्रोशित दिखे।
जनता ने दिखाया पूरा समर्थन
पदयात्रा के दौरान राहगीरों और गांव वालों ने यात्रियों के लिए जगह-जगह पानी, शर्बत और नाश्ता का इंतजाम किया। यह देखकर लगा कि पूरा इलाका इस मुद्दे पर एकजुट है। यात्रा को जनांदोलन का रूप मिल गया था।
सभा में वक्ताओं ने प्रशासन पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि मामले की गंभीरता को समझने में देरी हो रही है। लोगों ने निष्पक्ष जांच, दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और कड़ी सजा की मांग की।
पप्पू यादव पहुंचे, सरकार पर बोला हमला
सभा को संबोधित करते हुए पूर्णिया सांसद पप्पू यादव भी शामिल हुए। उन्होंने कहा कि छात्रा के साथ हुई घटना को शुरू से ही दबाने की कोशिश की जा रही है। प्रशासन ने मामले को हल्के में लिया, जिससे पीड़ित परिवार को न्याय मिलने में देरी हो रही है। पप्पू यादव ने घोषणा की कि जब तक पीड़िता को पूरा न्याय नहीं मिल जाता, सड़क से सदन तक यह लड़ाई जारी रहेगी।
महिलाओं ने उठाई आवाज
पदयात्रा में शामिल ब्रह्मेश्वर मुखिया की पुत्रवधू रूबी देवी ने कहा कि अब महिलाओं और बेटियों पर हो रहे अत्याचार बर्दाश्त करने की क्षमता खत्म हो गई है। उन्होंने कहा कि एकजुट होकर आवाज बुलंद करना समय की जरूरत है। महिलाओं ने इस मामले को पूरे समाज से जोड़ते हुए मजबूत विरोध जताया।
Shambhu Hostel Case: पुलिस की भारी तैनाती
पदयात्रा के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। एसडीओ राजीव रंजन सिन्हा, एसडीपीओ मनीष चंद्र चौधरी के साथ शकुराबाद, परस बिगहा, कल्पा, मखदुमपुर, वाणावर और बिसुनगंज थानों की पुलिस सक्रिय रही। यात्रा शांतिपूर्ण तरीके से पूरी हुई।
नीट छात्रा की मौत का मामला बिहार में काफी चर्चा में है। लोग इसे महिलाओं की सुरक्षा और न्याय व्यवस्था से जोड़कर देख रहे हैं। यह पदयात्रा दिखाती है कि आम जनता इस मुद्दे पर कितनी संवेदनशील है। न्याय की मांग अब और तेज हो गई है। लोग चाहते हैं कि दोषियों को जल्द सजा मिले ताकि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।



