PM Kisan Samman Nidhi Yojana: पीएम किसान योजना में शिवहर जिला बना नंबर-1, ई-केवाईसी में भी टॉप पर; पहले 24वें स्थान से 20 पायदान की छलांग
बिहार के सबसे छोटे जिले शिवहर ने पीएम किसान योजना में पहला स्थान हासिल किया, ई-केवाईसी में भी टॉप, 24वें से 1 पायदान की छलांग
PM Kisan Samman Nidhi Yojana: बिहार के सबसे छोटे जिले शिवहर ने पीएम किसान सम्मान निधि योजना में शानदार प्रदर्शन करते हुए पूरे राज्य में पहला स्थान हासिल कर लिया है। जिले ने किसानों के निबंधन, ई-केवाईसी और जॉब कार्डधारियों के ई-केवाईसी कराने में बिहार में अव्वल स्थान प्राप्त किया है। यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि कुछ महीने पहले तक शिवहर का स्थान राज्य में 24वें नंबर पर था।
शिवहर ने कैसे मारी बाजी?
पीएम किसान योजना के तहत शिवहर जिले में कुल 37,567 किसान पंजीकृत हैं। इनमें से 33,966 किसान एक्टिव हैं। अब तक 14,920 किसानों का निबंधन पूरा हो चुका है। कुल उपलब्धि 43.9 प्रतिशत दर्ज की गई है। ई-केवाईसी कराने में भी शिवहर ने टॉप किया है।
सूची में दूसरे स्थान पर कटिहार और तीसरे पर पूर्णिया जिला है। जॉब कार्डधारियों के ई-केवाईसी में भी शिवहर ने पहला स्थान हासिल किया है।
जिलाधिकारी प्रतिभा रानी की भूमिका
जब प्रतिभा रानी ने जिलाधिकारी का पद संभाला, तब शिवहर का स्थान राज्य में 24वें नंबर पर था। उन्होंने गांव-गांव जाकर कैम्प लगवाए। ग्राम स्तर पर जागरूकता अभियान चलाया। किसानों को घर-घर जाकर ई-केवाईसी कराने के लिए प्रेरित किया। ब्लॉक और पंचायत स्तर पर विशेष शिविर लगाए गए।
इन प्रयासों का नतीजा यह निकला कि शिवहर ने मात्र कुछ महीनों में 20 पायदान की छलांग लगाई और पहले चौथे स्थान पर पहुंचा। अब जिला पूरे बिहार में नंबर-1 बन गया है।
पीएम किसान योजना का महत्व
पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत पात्र किसानों को सालाना 6,000 रुपये (प्रति वर्ष 2,000 रुपये की तीन किश्तों में) दिए जाते हैं। बिहार में इस योजना से करोड़ों किसान लाभान्वित हो रहे हैं। ई-केवाईसी अनिवार्य होने से फर्जी लाभार्थियों पर रोक लगी है और सही किसानों तक राशि पहुंच रही है।
शिवहर जैसे छोटे जिले का यह प्रदर्शन अन्य जिलों के लिए प्रेरणा है। जिला प्रशासन ने कहा कि यह सफलता टीमवर्क और ग्रामीण स्तर पर किए गए प्रयासों का नतीजा है।
PM Kisan Samman Nidhi Yojana: किसानों की खुशी और भविष्य की योजनाएं
शिवहर के किसानों ने इस उपलब्धि पर खुशी जताई है। एक किसान ने कहा, “पहले हमें ई-केवाईसी के लिए दूर-दूर जाना पड़ता था। अब घर के पास ही कैम्प लगे, सब कुछ आसान हो गया।”
जिलाधिकारी प्रतिभा रानी ने कहा कि यह सिर्फ शुरुआत है। आने वाले समय में 100% निबंधन और ई-केवाईसी का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने सभी कर्मचारियों, पंचायत प्रतिनिधियों और किसानों को बधाई दी।
शिवहर जिले की यह सफलता बिहार में पीएम किसान योजना के क्रियान्वयन में एक मिसाल बन गई है। छोटा जिला होने के बावजूद बड़ा परिणाम दिखाने वाले शिवहर ने साबित कर दिया कि सही दिशा और लगन से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।



