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Bihar Politics: लैंड फॉर जॉब केस, लालू परिवार को मिली 5 दिनों की राहत

लैंड फॉर जॉब केस: लालू परिवार को 5 दिन की राहत। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने सुनवाई 15 दिसंबर तक टाली

Bihar Politics: लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार पर चढ़ते भूमि घोटाले के मामले में दिल्ली की अदालत ने उन्हें बड़ी राहत दी है। सोमवार 9 दिसंबर 2025 को राउज एवेन्यू कोर्ट ने सुनवाई को 15 दिसंबर तक टाल दिया। सीबीआई जज विशाल गोगने की अदालत में सीबीआई ने कहा कि मामले में 103 आरोपी हैं, जिनमें से चार की मौत हो चुकी है। सभी आरोपियों के दस्तावेज अभी तैयार नहीं हैं। छोटे शहरों और गांवों के लोग जो इस केस पर नजर रखते हैं, वे जानते हैं कि यह मामला बिहार की राजनीति को प्रभावित कर रहा है। इससे पहले 8 दिसंबर को भी सुनवाई टली थी। लालू परिवार पर 2004-09 के दौरान रेल मंत्री रहते नौकरी के बदले जमीन लेने का आरोप है। कोर्ट ने आरोप तय करने पर फैसला सुरक्षित रखा था।

Bihar Politics: लैंड फॉर जॉब केस का बैकग्राउंड

यह मामला पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव के कार्यकाल से जुड़ा है। सीबीआई ने आरोप लगाया कि 2004 से 2009 के बीच ग्रुप-डी नौकरियों के बदले लालू परिवार और सहयोगियों को जमीन उपहार में दी गई। नियुक्तियां मानदंडों का उल्लंघन करके की गईं और बेनामी संपत्तियां शामिल थीं। इसमें लालू प्रसाद, पत्नी राबड़ी देवी, बेटे तेजस्वी यादव और अन्य 103 आरोपी हैं। चार की मौत हो चुकी है। सीबीआई ने दावा किया कि यह आपराधिक षड्यंत्र का मामला है। आरोपियों ने इनकार किया और इसे राजनीतिक साजिश बताया। 4 दिसंबर को कोर्ट ने सीबीआई को रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया था। 8 दिसंबर को सीबीआई ने समय मांगा, जिसे मंजूर किया गया।

दिल्ली कोर्ट की कार्रवाई

मंगलवार को विशेष सीबीआई जज विशाल गोगने की अदालत में सुनवाई हुई। सीबीआई के वकील ने कहा कि सभी आरोपियों के दस्तावेज तैयार करने में समय लगेगा। अदालत ने सहमति जताई और सुनवाई 15 दिसंबर के लिए टाल दी। इससे लालू परिवार को 5 दिनों की राहत मिली। इससे पहले 10 दिसंबर को भी टालाव हुआ था। कोर्ट ने कहा कि आरोप तय करने के लिए पर्याप्त सबूत होने चाहिए। लालू परिवार ने कहा कि मामला राजनीति से प्रेरित है। सीबीआई ने बिहार और दिल्ली में छापे मारे थे।

बिहार चुनाव से पहले लालू परिवार पर दबाव

यह मामला बिहार की राजनीति को गरमा रहा है। राजद प्रमुख लालू प्रसाद और बेटे तेजस्वी यादव पर लगातार हमले हो रहे हैं। विपक्ष ने इसे साजिश बताया, जबकि भाजपा ने इसे भ्रष्टाचार का प्रमाण कहा। 2026 के बिहार विधानसभा चुनाव से पहले यह केस राजद के लिए चुनौती बनेगा। लालू परिवार ने कहा कि वे निर्दोष हैं और कोर्ट पर भरोसा है। सीबीआई की जांच जारी है। यह घटना राजनीतिक बहस को बढ़ावा दे रही है।

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