Bihar News: आरा जंक्शन पर आरपीएफ की बड़ी कार्रवाई, मानव तस्करों के चंगुल से 100 बच्चों को सुरक्षित बचाया
मानव तस्करों के चंगुल से 100 बच्चों को बचाया, एक गिरफ्तार

Bihar News: बिहार के आरा जंक्शन पर रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स (आरपीएफ) ने मानव तस्करी के एक बड़े नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया है। सोमवार रात को दानापुर-सिकंदराबाद एक्सप्रेस ट्रेन से अवैध रूप से ले जाए जा रहे 100 बच्चों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया गया। यह कार्रवाई रेलवे सुरक्षा के लिए चलाए जा रहे सघन अभियान का हिस्सा थी।
आरपीएफ कमांडेंट के विशेष निर्देश पर आरा जंक्शन पर तैनात टीम ने यह सफल ऑपरेशन अंजाम दिया। कार्रवाई का नेतृत्व आरपीएफ निरीक्षक दीपक कुमार ने किया। इस घटना से एक बार फिर मानव तस्करी के खिलाफ रेलवे पुलिस की सतर्कता और तेज कार्रवाई का प्रमाण मिला है।
संदिग्ध गतिविधियों पर आरपीएफ को हुआ शक
सूत्रों के अनुसार, सोमवार रात दानापुर-सिकंदराबाद एक्सप्रेस ट्रेन के प्लेटफॉर्म पर बड़ी संख्या में बच्चों को एक साथ देखकर आरपीएफ टीम को संदेह हुआ। ट्रेन के प्रस्थान से ठीक पहले प्लेटफॉर्म पर बच्चों की असामान्य भीड़ और उनके साथ मौजूद कुछ लोगों की हरकतें संदिग्ध लगीं।
आरपीएफ निरीक्षक दीपक कुमार ने तुरंत बच्चों और उनके साथ आए लोगों से पूछताछ शुरू की। पूछताछ में बच्चों की संख्या बहुत ज्यादा होने के साथ ही उनके साथ मौजूद लोगों के जवाब संतोषजनक नहीं मिले। लोगों ने बच्चों के साथ अपने संबंध और यात्रा का कोई ठोस कारण नहीं बताया।
इसके बाद जांच गहराई और पता चला कि ये बच्चे अवैध रूप से दूसरे राज्यों में ले जाए जा रहे थे। आरपीएफ ने सभी 100 बच्चों को सुरक्षित हिरासत में ले लिया और दो संदिग्ध तस्करों को तुरंत गिरफ्तार कर लिया।
बच्चों को सुरक्षित किया, पूछताछ जारी
आरपीएफ निरीक्षक दीपक कुमार ने बताया कि सभी बच्चों को सुरक्षित स्थान पर रखा गया है। उनकी उम्र ज्यादातर 10 से 16 साल के बीच है। बच्चों से बातचीत की जा रही है और उनके परिवारों का पता लगाया जा रहा है। दोनों गिरफ्तार संदिग्धों से गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस का मानना है कि यह मानव तस्करी का एक बड़ा गिरोह हो सकता है जो गरीब परिवारों के बच्चों को बहला-फुसलाकर या जबरन दूसरे राज्यों में मजदूरी या अन्य गैरकानूनी कामों के लिए ले जाता है।
आरपीएफ ने इस ऑपरेशन में तेजी और सतर्कता से काम किया जिससे इतनी बड़ी संख्या में बच्चों की जान बचाई जा सकी।
रेलवे पर मानव तस्करी रोकने के लिए सघन अभियान
दानापुर रेल मंडल के अंतर्गत आरपीएफ द्वारा यात्रियों और रेल संपत्ति की सुरक्षा के लिए लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं। मानव तस्करी, महिला सुरक्षा, चाइल्ड ट्रैफिकिंग और अन्य अपराधों पर विशेष नजर रखी जा रही है। आरपीएफ के जवान स्टेशनों पर संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखते हैं। प्लेटफॉर्म, ट्रेनों और आसपास के इलाकों में नियमित चेकिंग की जाती है। इस तरह की कार्रवाइयों से कई बार बच्चों और महिलाओं को तस्करों के चंगुल से बचाया जा चुका है।
Bihar News: समाज में जागरूकता की जरूरत
यह घटना एक बार फिर बताती है कि मानव तस्करी अभी भी समाज में गंभीर समस्या बनी हुई है। गरीबी, अशिक्षा और बेरोजगारी के कारण कई परिवार अपने बच्चों को सुरक्षित समझकर अजनबियों के साथ भेज देते हैं।
आरपीएफ की इस सफलता से एक बड़ा संदेश मिलता है कि सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है। स्थानीय लोगों, स्कूलों और ग्रामीण क्षेत्रों में बच्चों की सुरक्षा और तस्करी के खिलाफ जागरूकता फैलाने की जरूरत है। आरपीएफ ने लोगों से अपील की है कि अगर वे किसी संदिग्ध गतिविधि या बच्चों के साथ अनजान लोगों को देखें तो तुरंत सूचना दें। हेल्पलाइन नंबर 1512 या 182 पर कॉल कर सकते हैं।
यह कार्रवाई न केवल 100 बच्चों के भविष्य को बचाने वाली है बल्कि मानव तस्करी के खिलाफ चल रही लड़ाई में एक महत्वपूर्ण कड़ी साबित हुई है।



