जरा हट केजागरूकताशेखपुरास्वास्थ्य

घर में रहकर ही परिवार के 8 लोगों ने कोरोना को हराया, जानें कोरोना योद्धा की जुबानी कैसे जीता जंग

भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के जिला सचिव प्रभात कुमार पांडेय पूरे परिवार सहित बिगत 24 अप्रैल को कोरोना पॉजिटिव हो गए थे। इनके परिवार में पत्नी प्रभा पांडेय, बेटी अस्मिता पांडेय,अमृता पांडेय, सुष्मिता पांडेय, अंकिता पांडेय, बेटा दिव्यकांत पांडेय, उदयकांत पांडेय सहित कुल 8 सदस्य कोरोना पॉजिटिव हो गए थे। सभी ने अपने ही घर में खुद को आइसोलेट किया और सिविल सर्जन डॉ कृष्ण मुरारी प्रसाद सिंह की सलाह पर अपना इलाज शुरू किया। इसके अलावे आधे घण्टे में हाथों की सफाई, भाप, गिलोय का काढ़ा, लांग दालचीनी, नीम के पत्ता का काढा, गर्म पानी में नींबू का रस भी लेते रहे। सभी बच्चे और परिवार के सदस्य को अलग-अलग रूम और रूम संभव नहीं हुआ तो 6 फीट पर बेड लगाकर लगाकर मोबाइल से उनकी मॉनिटरिंग, थर्मामीटर, ऑक्सीमीटर से लगातार चेकअप करते रहे। परिणामस्वरूप सभी लोगों ने बिगत 9 मई को ही कोरोना को मात दे दिया और पूरी तरह स्वस्थ हो गए।

इस संबन्ध में प्रभात पांडे ने बताया कि शेखपुरा पीएससी में जांच कराते ही एक स्वास्थ्य कर्मी के द्वारा किये गए दुर्व्यवहार के बाद सभी लोग काफी डर गए थे। बाद में सिविल सर्जन सहित अन्य परिचितों ने इनका हौसला बढ़ाया। उन्होंने कहा कि मजबूती के साथ आत्मबल को मजबूत रखते हुए बीमारी को मात देने की दृढ़ इच्छाशक्ति रखेंगे, तो निश्चित रूप से कोरोना को मात खाना ही पड़ेगा। उन्होंने अपनी हौसला अफजाई के लिये अपने तमाम चाहनेवालों को धन्यवाद दिया है। साथ ही जिलेवासियों से सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के पालन का अनुरोध भी किया है।

Back to top button
error: Content is protected !!