जानकारीप्रशासनशेखपुरा

शेखपुरा में भी बिहार दिवस की धूम, मुख्य कार्यक्रम में मुंगेर के आयुक्त हुए शामिल

Sheikhpura: आज बिहार पूरे 111 वर्ष का हो गया। इस दिन को पूरे बिहार में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। राजधानी पटना सहित सभी जिला मुख्यालयों में प्रशासन की ओर से बिभिन्न तरह के कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर शेखपुरा में भी धूम रही। सुबह-सुबह स्कूली बच्चों के द्वारा प्रभातफेरी निकालकर दिवस की शुरुआत हुई। जिसमें जिलाधिकारी सावन कुमार के साथ पुलिस कप्तान कार्तिकेय शर्मा, उप विकास आयुक्त, सिविल सर्जन, अनुमंडल पदाधिकारी सहित सभी जिले एवं प्रखंडस्तरीय पदाधिकारी, कर्मी एवं बड़ी संख्या में जिलेवासी भी शामिल हुए।

जिसके बाद समाहरणालय के परेड ग्राउंड में युवा शक्ति बिहार की प्रगति थीम पर आधारित मुख्य कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। जिसमें मुख्य अतिथि के तौर पर मुंगेर प्रमंडल के आयुक्त संजय कुमार शामिल हुए। उन्होंने जिलाधिकारी व पुलिस कप्तान के साथ सामूहिक रूप से दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। इस मौके पर आयोजित पेंटिंग, रंगोली एवं विज्ञान प्रतियोगिता का निरीक्षण कर बच्चों को प्रोत्साहित किया। साथ ही विभिन्न विभागों द्वारा लगायेे गये स्टाॅलों का अवलोकन करते हुए आयुक्त ने उनके कार्यों की प्रशंसा भी की।

इस मौके पर कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि ने सरकार के युवा शक्ति बिहार की प्रगति एवं नारी सशक्तिकरण के तहत किये जा रहे कार्यों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सरकार उच्च शिक्षा हेतु विद्यार्थियों को राशि मुहैया करा रही है। उन्हें स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड जैसी योजनाओं का लाभ मिल रहा है। साथ ही युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने हेतु भी अनेकों योजनाएं चला रही है। स्टार्टअप लगाने वालों को बहुत ही न्यूनतम दर पर आसानी से लोन मिल रहा है। उन्होंने अपनी बच्चियों को आगे बढ़ाने के लिए दृढ़संकल्पित अभिभावकों का भी मनोबल बढ़ाया। इसके अलावे उन्होंने अपने संबोधन में शेखपुरा जिला की प्राकृतिक खूबसूरती का भी जिक्र किया।

वहीं जिलाधिकारी ने भी जिलावासियों को बिहार दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि बिहार 111 वर्षों से निरंतर बढ़ता रहा है। बिहार एक राज्य नहीं अपितु भारत की एकता, विविधता और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक है। हमारा राज्य बौद्ध, जैन धर्म के साथ-साथ कई धर्मों की जननी रही है। प्रशासनिक कौशल के इतिहास का वर्णन करते हुए मगध सम्राज्य, मौर्य साम्राज्य एवं गुप्त साम्राज्य आदि का जिक्र किया।उन्होंने कहा कि प्राचीन वैशाली का गणतंत्र का विश्व का पहला गणतांत्रिक गणराज्य रहा है। प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय विश्व का प्रथम विश्वविद्यालय था। यहां का विक्रमशिला विश्वविद्यालय भी ज्ञान की भूमि रही है। चीन यात्री फाह्यान ने भी यहां अध्ययन किया था। इसके अलावे उन्होंने कार्यक्रम के थीम की चर्चा करते हुए जिले में संचालित सरकार की सभी कल्याणकारी योजनाओं खासकर युवाओं के उत्थान से संबंधित योजनाओं से उपस्थित जनता को अवगत कराया।

Back to top button
error: Content is protected !!