जन-कल्याणजागरूकताजानकारीशेखपुरा

अब प्राथमिकी दर्ज करने में आना-कानी नहीं करेगी पुलिस, थाने में मौजूद पैनल अधिवक्ता से मिलेगी कानूनी मदद

Sheikhpura: राष्ट्रीय एवं बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार के अनुसार पूछ-ताछ या फिर किसी अपराध में गिरफ्तार अपराधी को कानूनी सुविधा से वंचित नहीं किया जा सकता है। जिले के सभी पुलिस थानों में अब आम लोगों को संविधान प्रदत्त कानूनी अधिकारों की पूरी जानकारी दी जाएगी। गुरुवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकार के नव नियुक्त सचिव एडीजे विवेकानंद प्रसाद ने सभी पैनल अधिवक्ता एवं रिटेनर अधिवक्ता के साथ बैठक कर ये जानकारी दी।

प्राधिकार ने सभी थानों में मानवाधिकार का पालन कराने के लिए पैनल अधिवक्ता को प्रतिनियुक्त करने का निर्णय लिया है। इस बैठक में एडीजे विवेकानंद प्रसाद ने बताया कि नालसा द्वारा आयोजित राज्य सरकार एवं केंद्र सरकार के द्वारा दी जाने वाली योजनाओं से सम्बंधित कानूनी जानकारी के लिये विधिक जागरुकता शिविर का आयोजन भी किया जाएगा। यह जागरुकता शिविर 2 अक्तूबर से 14 नवम्बर तक आजादी के अमृत महोत्सव एवं विधिक सेवा दिवस के उपलक्ष्य में जिले के विभिन्न गाँवों में किया जाएगा। इस जागरुकता शिविर में एक पैनल अधिवक्ता एवं दो पीएलवी के साथ समाजिक कार्यकर्त्ताओं का समूह रहेगा। साथ ही

उन्होंने यह भी बताया कि जिले के सभी थाना में आम लोगों की सहूलियत के लिए पैनल अधिवक्ता प्रतिनियुक्त किए जाएंगे। ये अधिवक्ता जिला विधिक सेवा प्राधिकार के पैनल अधिवक्ता होंगे, जो पुलिस के द्वारा हिरासत में लिए गए और गिरफ्तार किए गए लोगों को तत्काल कानूनी मदद करेंगे। यदि थानों में पूछ-ताछ और हिरासत में लिए गए लोगों के साथ बदसलूकी या प्राथमिकी दर्ज करने में आना-कानी करेंगे, तो इसके लिए थाना प्रभारी को जिम्मेवार माना जायेगा।

Back to top button
error: Content is protected !!