Patna High Court News: पटना हाई कोर्ट में 5 नए जजों की नियुक्ति, सुप्रीम कोर्ट ने दी मंजूरी
पटना हाई कोर्ट में 5 नए जजों की नियुक्ति को सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की मंजूरी, बिहार में न्याय होगा तेज।

Patna High Court News: बिहार की न्याय व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। पटना हाई कोर्ट में जल्द ही 5 नए जजों की नियुक्ति होने वाली है। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने इन जजों के नामों की सिफारिश की है, और अब केंद्र सरकार से इसकी मंजूरी का इंतजार है। इस कदम से पटना हाई कोर्ट में जजों की कमी दूर होगी और लंबित मामलों का निपटारा तेजी से हो सकेगा। बिहार के लोगों के लिए यह खबर बेहद खास है, क्योंकि इससे न्याय जल्दी और आसानी से मिलेगा।
नए जजों की नियुक्ति का क्या है मामला?
पटना हाई कोर्ट में अभी 34 जज काम कर रहे हैं, जबकि कुल स्वीकृत पद 53 हैं। इसका मतलब है कि 19 जजों के पद खाली हैं। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने 20 फरवरी 2025 को हुई अपनी बैठक में 5 वकीलों को जज बनाने की सिफारिश की। ये सभी वकील अधिवक्ता कोटे से चुने गए हैं। अगर केंद्र सरकार इस सिफारिश को मंजूरी दे देती है, तो हाई कोर्ट में जजों की संख्या बढ़कर 39 हो जाएगी। इससे कोर्ट में सालों से लटके मामलों को तेजी से सुलझाने में मदद मिलेगी। खासकर आपराधिक और सिविल मामलों में लोगों को जल्दी न्याय मिलने की उम्मीद है।
Patna High Court News: कौन हैं ये 5 नए जज?
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने जिन 5 वकीलों के नाम सुझाए हैं, उनमें आलोक कुमार सिन्हा, रितेश कुमार और तीन अन्य वरिष्ठ वकील शामिल हैं। ये सभी पटना हाई कोर्ट में लंबे समय से वकालत कर रहे हैं और अपने अनुभव और काबिलियत के लिए मशहूर हैं। इनके नामों की घोषणा के बाद बिहार के कानूनी हलकों में खुशी की लहर दौड़ गई है। लोग उम्मीद कर रहे हैं कि इन नए जजों के आने से कोर्ट का कामकाज और बेहतर होगा।
बिहार की न्याय व्यवस्था को मिलेगी नई ताकत
पटना हाई कोर्ट में जजों की कमी की वजह से हजारों मामले लंबे समय से लटके हुए हैं। नए जजों की नियुक्ति से इन मामलों का निपटारा तेज होगा। खास तौर पर गरीब और जरूरतमंद लोगों को जल्दी न्याय मिल सकेगा। बिहार सरकार और स्थानीय लोग इस फैसले का स्वागत कर रहे हैं। हाल ही में पटना हाई कोर्ट में कई बदलाव देखने को मिले हैं, जैसे जस्टिस सुधीर सिंह की वापसी और जस्टिस विपुल एम. पंचोली को मुख्य न्यायाधीश बनाया जाना। इन नई नियुक्तियों से कोर्ट का ढांचा और मजबूत होगा।
बिहार के लोग अब यह उम्मीद कर रहे हैं कि जल्द ही हाई कोर्ट के सभी खाली पद भर जाएंगे। इससे न केवल न्याय प्रक्रिया तेज होगी, बल्कि यह और पारदर्शी भी बनेगी। यह कदम बिहार की न्याय व्यवस्था में एक नया अध्याय जोड़ेगा।